आंगनबाड़ी के कार्यकत्ताओं ने मांगों को लेकर किया प्रर्दशन

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अखिल भारतीय आंगनबाड़ी कार्यकत्री सेविका-सहायिका फेडरेशन के आह्वान पर सीटू से संबद्ध आंगनबाड़ी कार्यकत्री, सेविका कर्मचारी यूनियन ने जिला मुख्यालय में प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने 21 हजार प्रतिमाह मानदेय, बीमा लाभ, कोरोनाकाल में सेवा के लिए सुरक्षा किट उपलब्ध कराने की मांग की। आगंबनाड़ी कार्यकर्त्‍ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत को भी पत्र भेजा। चेतावनी दी कि यदि शीघ्र मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।

आंगनबाड़ी कार्यकर्त्‍ता व सहायिका को हर माह मिले मानदेय

कोरोनाकाल में लगातार सेवाएं दे रहीं राज्यभर की आंगनबाड़ी कार्यकर्त्‍ताओं और सहायिका को हर माह मानदेय भुगतान नहीं हो रहा है। जिससे उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने सरकार से हर महीने की सात तारीख से पहले मानदेय जारी करने की मांग की है। विभागीय मंत्री ने भी इस संबंध में अधिकारियों को निर्देश दिए थे, लेकिन स्थिति जस की तस है। आंगनबाड़ी कार्यकर्त्‍ता, सहायिका को केंद्र और राज्य सरकार की ओर से मानदेय जारी होता है। इनमें कार्यकर्त्‍ता को 3000 राज्य और 4500 केंद्र सरकार देती है, जबकि सहायिका को राज्य व केंद्र से क्रमश: 1500 और 2250 मिलता है। लेकिन लंबे समय से मानदेय महीने में न मिलने से ये परेशान हैं।

हर महीने जब आंगनबाड़ी कार्यकर्त्‍ता व सहायिका अपने खाते की पासबुक एंट्री करवाती हैं तो उसमें महीनेवार वेतन का जिक्र नहीं होता, जिससे इन्हें यह पता नहीं चलता कि किस महीने का मानदेय भुगतान हुआ और किस महीने का लंबित है। आंगनबाड़ी कार्यकर्त्‍ता/सेविका/मिनी कर्मचारी संगठन की प्रदेश अध्यक्ष रेखा नेगी ने कहा कि हर महीने का वेतन ब्लाक स्तर पर जारी होता है, जिसे सुपरवाइजर वेरिफाई करने के बाद ट्रेजरी में एक साथ एस्टीमेट बनाते हैं और उनके एकाउंट में डालते हैं। लेकिन यहां कई बार चार महीने का वेतन एक साथ आता है। आंगनबाड़ी कार्यकत्री, सेविका कर्मचारी यूनियन की प्रांतीय कार्यकारी अध्यक्ष जानकी चौहान का कहना है कि इस समस्या को लेकर विभागीय अधिकारियों से लेकर मंत्री के संज्ञान में लाया गया, लेकिन अभी तक समस्या का समाधान नहीं हुआ है।

शिवानी

 

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कचरा कूड़ेदान में नहीं डाला तो पड़ेगा भारी जुर्माना: अपर आयुक्त

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स्वच्छता अभियान की राह में अब भी लापरवाही का रोड़ा अटका हुआ है। लाख कोशिशों के बावजूद लोग कचरे का सही ढंग से निस्तारण नहीं कर रहे हैं। इसी को देखते हुए अपर आयुक्त गढ़वाल हरख सिंह रावत ने सख्त कदम उठाने का फैसला लिया है। अब कचरे को कूड़ेदान में न डालने वालों पर भारी जुर्माना ठोंकने की तैयारी है। साथ ही इस अभियान में पुलिस को भी शामिल कर चालान काटने की छूट दी जाएगी।

अपर आयुक्त ने बताया कि जल्द ही सभी निकायों में खास डिजाइन के कूड़ेदान उपलब्ध करवाए जाएंगे। इसमें तीन पार्ट होंगे। इसके तहत सूखा, गीला औऱ मिक्स कूड़ा डलवाया जाएगा। इसी हिसाब से शुल्क भी तय किये जायेंगे। उन्होंने बताया कि मिक्स कूड़ा डालने पर ज्यादा शुल्क निर्धारित किया जाएगा। जो लोग कचरे को कूड़ेदान में नहीं डालेंगे उनपर दोगुना जुर्माना भी ठोकने की तैयारी है।

प्रेशर में आकर राजस्व को हानि न पहुचाएं अधिकारी

निकायों में अब भी कई सरकारी संपत्तियां हैं जिनका उपयोग राजस्व वृद्धि में नहीं किया जा सका है। अपर आयुक्त गढ़वाल ने ऋषिकेश में निकायों की समीक्षा बैठक के दौरान सख्त हिदायत दी कि सरकारी सम्पत्तियों पर हुए अवैध कब्जे फौरी तौर पर हटवाएं। इसके लिए कोई भी राजनीतिक दबाव आये तो भी राजस्व हानि नहीं होनी चाहिए। गौरतलब है कि ऋषिकेश नगर निगम अंतर्गत करीब दर्जन भर सरकारी संपत्तियां हैं जिनपर अवैध कब्जा है। निगम प्रशासन इन्हें खाली करवाने की कोशिश में है। फिलहाल राजनीतिक दबाव भी अफसरों को झेलने पड़ रहे हैं।

 

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रजत पदक विजेता पीवी सिंधु नहीं जीत पाई GOLD मेडल

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बीते कल का नौवां दिन भारत के लिए बहुत निराशाजनक रहा, पूरे देश को बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधु से फाइनल में पहुंचने की उम्मीद थी लेकिन वह फाइनल में नहीं पहुंच पाईं। वैसे तो सिंधु ने इस मैच में अच्छी शुरुआत की थी और दुनिया की नंबर एक बैडमिंटन खिलाड़ी ताइ यिंग को कड़ी टक्कर दी। सिंधु इस गेम में एक समय 11-7 की बढ़त हासिल कर चुकी थीं, लेकिन इस बढ़त को वे आखिर तक बरकरार नहीं रख सकीं।

लेकिन उन्होंने अपने अनुभव का फायदा उठाते हुए पहला गेम 21-18 से अपने नाम करने में सफलता पाईं। टोक्यो ओलंपिक में उनका सफर अभी खत्म नहीं हुआ है। अब उन्होंने ब्रॉन्ज मेडल जीता मगर GOLD उनके हाथ से छुट गया। दूसरे सेमीफाइनल में चीन की ही बिन जियाओ से पीवी सिंधु मैच हार गई थी। अगर सिंधु ब्रॉन्ज मेडल जीतने में कामयाब हो जाती हैं, तब भी वे इतिहास रच देती और लगातार दो ओलंपिक में पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला खिलाड़ी बन जाती।

– नैन्सी लोहानी

 

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मानसून सत्र के हंगामे से हुई 133 करोड़ बर्बादी

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इस साल के मानसून सत्र के पहले दिन में ही हंगामा हो गया था और जब दूबारा सत्र आगे बढ़ाया गया तब भी गर्मा गर्मी का माहोल बना हुआ था। शुरुआत से ही पेगासस जासूसी और अन्य मुद्दों पर विपक्षी दलों के विरोध के बीच संसद ने 107 घंटों के निर्धारित समय में से केवल 18 घंटे ही काम किया गया। जिसके कारण करदाताओं के 133 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हो चुका है। सरकारी सूत्रों के मुताबिक अब तक 89 घंटे बर्बाद हो चुके हैं।

मानसून सत्र जो कि 19 जुलाई से शुरू हो चुका हैं और 13 अगस्त तक चलेगा लेकिन बीते दिन में केवल 13 प्रतिशत से भी कम समय के लिए काम हो पाया। जानकारी के मुताबिक लोकसभा अपने संभावित 54 घंटों में से केवल सात घंटे ही चल सकी, वहीं राज्यसभा संभावित 53 घंटों में से 11 घंटे ही चल पाई है। अब तक संसद में संभावित 107 घंटों में से केवल 18 घंटे काम हुआ।

– नैन्सी लोहानी

 

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पाकिस्तान के बल्लेबाज ने बनाया विश्व रिकॉर्ड

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T20 इंटरनेशनल क्रिकेट में पाकिस्तान क्रिकेट टीम के विकेटकीपर बल्लेबाज मोहम्मद रिजवान ने एक नया रिकॉर्ड बनाया है, जो कि एक विश्व रिकॉर्ड भी कहा जा सकता है। वेस्टइंडीज के साथ जारी टी20 सीरीज के दूसरे मैच में उन्होंने यह खास रिकॉर्ड हासिल किया है। पाकिस्तानी बल्लेबाज मोहम्मद रिजवान ने वेस्टइंडीज के खिलाफ चार मैचों की टी20 सीरीज खेली जिसमें दूसरे मुकाबले में 36 गेंदों में 46 रन की बनाए है।

इसी के साथ उन्होंने टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में एक कैलेंडर ईयर में सबसे ज्यादा रन बनाने का विश्व रिकॉर्ड कायम कर दिया। विकेटकीपर बल्लेबाज रिजवान ने अब 15 मैचों की 14 पारियों में 94 के औसत से 752 रन बनाए हैं। इस मामले में उन्होंने आयरलैंड के बल्लेबाज पॉल स्टर्लिंग के पिछले रिकॉर्ड को पीछे छोड़ कर आगे बढ़े

है।

– नैन्सी लोहानी

 

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शाही ईदगाह के सचिव एडवोकेट अहमद ने प्रत्युत्तर का नहीं दिया जवाब

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शुक्रवार को शाही ईदगाह मस्जिद के सचिव ने मथुरा में श्री कृष्ण ठाकुर केशवदेव की जन्मस्थली से संबंधित भूमि मामले में उपासना स्थल अधिनियम के संबंध में जवाब दाखिल नहीं किया। उनको वादी के प्रत्युत्तर में जवाब दाखिल करना था। उधर, प्रतिवादियों में से एक सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन अदालत में अभी तक हाजिर नहीं हुए हैं। अदालत ने वादी को इस संबंध में पैरवी होने का निर्देश दिया और अगली सुनवाई 16 अगस्त तय की।

श्रीकृष्ण जन्मभूमि संबंधी वाद में सिविल जज सीनियर डिवीजन की अदालत में शुक्रवार को उपासना स्थल अधिनियम को लेकर बहस आगे बढ़नी थी, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। शाही ईदगाह मस्जिद के सचिव एडवोकेट तनवीर अहमद ने वादी के प्रत्युत्तर का जवाब नहीं दिया। जबकि अदालत ने वादी पक्ष को अभी तक केस में गैरहाजिर चल रहे सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन को उपस्थित कराने के लिए पैरवी करने को कहा।

वादी पक्ष के एडवोकेट महेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि उन्होंने अदालत के समक्ष अपना पक्ष रखा। जबकि शाही ईदगाह मस्जिद के सचिव तनवीर अहमद ने अपना जवाब दाखिल नहीं किया है। वादी पक्ष के अधिवक्ता राजेंद्र माहेश्वरी ने कहा कि अब इस केस में 16 अगस्त को सुनवाई होगी।

हाईकोर्ट में 3 अगस्त लगी तारीख

वादी एडवोकेट महेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि केस में जल्द सुनवाई के लिए हाईकोर्ट में डाली गई रिट पर शुक्रवार को सुनवाई नहीं हो सकी। अदालत ने इसमें 3 अगस्त की तारीख लगाई है।

नारायणी सेना की भी सुनवाई 16 अगस्त को

नारायणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनीष यादव द्वारा दाखिल किए गए वाद में सिविल जज सीनियर डिवीजन की अदालत में सुनवाई होनी थी, जिसमें प्रतिवादीगणों को उपस्थित होना था लेकिन प्रतिवादीगण उपस्थित नहीं हो सके।

जिसके चलते अदालत की कार्रवाई आगे नहीं बढ़ सकी। अदालत ने इसमें 16 अगस्त को सुनवाई तय की है। शुक्रवार को वादीगण की ओर से पैरवी नारायणी सेना के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष अमित मिश्रा ने की। उनके साथ राष्ट्रीय सचिव अंकित तिवारी तथा नीरज शर्मा मौजूद रहे।

पुष्पा रावत

 

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किशोरी से किया दुष्कर्म का प्रयास 85 वर्षीय वृद्ध ने, कोर्ट ने सुनाई 7 साल की सजा

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किशोरी से किया दुष्कर्म का प्रयास 85 वर्षीय वृद्ध ने, कोर्ट ने सुनाई 7 वर्ष सजा उत्तर प्रदेश के जौनपुर में, अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट प्रथम काशी प्रसाद सिंह यादव ने शुक्रवार को एक किशोरी से बलात्कार के प्रयास के लिए 85 वर्षीय व्यक्ति को 7 साल की कैद और 52,000 रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई।

मुंगराबादशाहपुर थाने में पीड़िता के पिता ने 27 अप्रैल 2015 को मुकदमा दर्ज कराया था। आरोप लगाया कि 25 अप्रैल 2015 को उसकी 14 वर्षीय बेटी दोपहर में घर से दवा लेने जा रही थी। रास्ते में आरोपी हौसिला प्रसाद पटेल ने उससे कहा कि वह उसकी गेहूं की बोरी पकड़कर अंदर करा दे तो वह उसे 5 रुपये देगा। पीड़िता उसकी बात मानकर उसके साथ गेहूं की बोरी लेकर अंदर कमरे में चली गई। अंदर वृद्ध ने दरवाजा बंद कर लिया और किशारी से दुष्कर्म का प्रयास किया।

पीड़िता ने मां को पूरी बात बताई

शोर मचाने पर उसे मारा पीटा। पीड़िता की मां देर हो जाने पर उसे खोजती हुई जा रही थी तो आरोपी को भागते हुए देखा। पीड़िता ने घर आकर मां को पूरी बात बताई। पुलिस ने विवेचना कर चार्जशीट कोर्ट में दाखिल की। इस मामले में सरकारी वकील राजेश उपाध्याय, कमलेश राय व वीरेंद्र मौर्य ने अभियोजन पक्ष से पैरवी की।

पुष्पा रावत

 

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