उत्तराखंड में मानसून का हाहाकार
उत्तराखंड में इन दिनों मानसून की गड़गड़ाहट से पूरा प्रदेश दहला हुआ है, वहीं लगाता हो रही भारी बारिश के दौर से उत्तराखंड में आपदा के हालात पैदा हो चुके हैं। उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों से लेकर मैदानी इलाकों तक मानसून का हाहाकार जारी है। भारी बारिश के कारण पर्वतीय क्षेत्रों की अधिकांश सड़के पूरी तरह से बाधित हो चुकी हैं, जबकि मैदानी क्षेत्रों में भी जलभराव की स्थिति पैदा हो चुकी है। उत्तराखंड मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार देहरादून समेत पिथौरागढ़ और बागेश्वर जिले के कुछ हिस्सों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा प्रदेशभर में बिजली चमकने और तेज गर्जन के साथ तेज दौर की बारिश होने की भी संभावना है। आने वाले दिनों की बात करें तो 15 अगस्त तक प्रदेशभर में मौसम का मिजाज कुछ ऐसा ही रहेगा।
दो राष्ट्रीय राजमार्ग समेत 145 मार्ग बंद
वर्तमान समय में उत्तराखंड के पर्वतीय मार्गों की हालत बद से बदतर हो चुकी है, जहां पहले सड़कें हुआ करती थी वहां अब नाले बह रहे हैं। बड़े-बड़े बोल्डरों ने अधिकतर सड़कों के बड़े हिस्सों को पूरी तरह से खत्म कर दिया है, ऐसे में मौसम विज्ञान केंद्र ने आमजन से यह अपील करी है कि इस समय पर्वतीय क्षेत्रों की अनावश्यक यात्रा करने से बचें, यदि आवश्यक कार्य हो तभी घरों से बाहर निकलें। आपको बताते चलें कि वर्तमान समय में उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में दो नेशनल हाइवे सहित कुल 145 मार्ग पूरी तरह से बाधित हैं। वहीं पर्वतीय क्षेत्रों में मार्गों के अवरुद्ध हो जाने के कारण लोगों को खासी परेशानियों का सामना भी करना पड़ रहा है, वहीं लोक निर्माण विभाग से प्राप्त जानकारी के मुताबिक PMGSY की 94 लोक निर्माण विभाग की 47 और एनएच की दो सड़क बंद है, इसके अलावा बीआरओ के भी दो मार्ग बंद है।
लेखक- शुभम तिवारी (HNN24X7)

