UP Board Exam 2026: उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद ने 10वीं और 12वीं की परीक्षार्थियों के लिए एक बड़ी खबर सामने आई है, जिसके तहत अब परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्र में एडमिट कार्ड के साथ-साथ आधार कार्ड भी लाना होगा। इस कदम के जरिए परीक्षाओं को पारदर्शी और नकल-मुक्त बनाना है। साथ ही बता दे यह नया नियम सभी छात्रों के लिए अनिवार्य होगा।
UPMSP बोर्ड का मानना है कि इस नियम से फर्जी परीक्षार्थियों को रोकने में मदद मिलेगी, जो दूसरों के नाम पर परीक्षा देने के लिए केंद्रों में घुस जाते हैं। हर साल यूपी बोर्ड की परीक्षाओं में बड़ी संख्या में फर्जी परीक्षार्थी पकड़े जाते हैं। इस नए नियम से फर्जी परीक्षार्थी परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं कर पाएंगे।
आधार कार्ड है अनिवार्य
बोर्ड ने इस बार आधार कार्ड को एडमिट कार्ड से जोड़ने का फैसला किया है। परीक्षा केंद्र पर पहुंचने वाले हर छात्र का एडमिट कार्ड और आधार कार्ड मिलाया जाएगा। इससे यह सुनिश्चित किया जाएगा कि कोई छात्र किसी और के नाम से परीक्षा न दे पाए।
नकल रोकने के लिए सख्त प्रबंध
इस साल यूपी बोर्ड ने नकल रोकने के लिए कई कड़े कदम उठाए हैं। जिसमें परीक्षा केंद्रों को सीसीटीवी कैमरों से चेक किया जाएगा और केंद्रों की जियो टैगिंग की भी सुविधा दी गई है। इसके साथ ही, केंद्र के अधिकारियों, निरीक्षकों और अन्य स्टाफ के लिए क्यूआर कोड युक्त पहचान पत्र जारी किए जाएंगे, जिससे किसी बाहरी व्यक्ति या अयोग्य शिक्षक की ड्यूटी पर तैनाती रोकी जा सके।
यूपी बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षाएं 18 फरवरी से 12 मार्च तक आयोजित की जाएंगी। इस साल कुल 52 लाख 30 हजार 297 छात्रों ने परीक्षा के लिए पंजीकरण कराया है, जिनमें से 27 लाख 50 हजार 945 हाईस्कूल के और 24 लाख 79 हजार 352 इंटरमीडिएट के छात्र हैं।
इंटरमीडिएट की प्रैक्टिकल परीक्षा का शेड्यूल
इंटरमीडिएट की प्रैक्टिकल परीक्षा दो चरणों में होगी। पहले चरण की परीक्षाएं 24 जनवरी से 1 फरवरी 2026 तक और दूसरे चरण की परीक्षाएं 2 फरवरी से 9 फरवरी 2026 तक आयोजित की जाएंगी।
परीक्षा केंद्रों की संख्या और तैयारी
इस साल यूपी बोर्ड की परीक्षा के लिए 8033 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इन केंद्रों पर आधार सत्यापन के साथ-साथ डिजिटल निगरानी व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा ताकि परीक्षा पारदर्शी और नकल-मुक्त हो सके।

