लक्सर परिवहन निगम के अड्डे में सुविधाएं नदारद
लक्सर नगर में परिवहन निगम का बस अड्डा बने हुए चार साल से अधिक का समय हो चुका है, लेकिन क्षेत्र के लोगों को इसका कोई ठोस लाभ अब तक नहीं मिल पाया है। बस अड्डा बन जाने के बाद भी नए रूटों पर सरकारी बसों का संचालन शुरू नहीं किया गया है, फिलहाल केवल लक्सर-हरिद्वार रूट पर पहले की तरह अनुबंधित बसें ही चलाई जा रही हैं, जबकि लोगों को लक्सर-रुड़की, लक्सर-खानपुर, पुरकाजी, मुज़फ्फरनगर, बिजनौर और मुरादाबाद जैसे रूटों पर भी बस सेवा की उम्मीद थी। नगरपालिका द्वारा शिव चौक क्षेत्र में भूमि उपलब्ध कराए जाने के बाद बस अड्डे का निर्माण करवाया गया था, जिसमें तत्कालीन विधायक की भूमिका भी अहम रही। लेकिन चार साल बाद भी यात्री सुविधाएं न के बराबर हैं। स्थानीय लोगों ने बताया कि बालावाली होकर उत्तर प्रदेश के कई शहरों जैसे नजीबाबाद, बिजनौर और मुरादाबाद तक भारी यातायात होता है। गंगा नदी पर यूपी सरकार द्वारा पुल भी बन चुका है, ऐसे में लक्सर से यूपी की तरफ सीधी बस सेवा बेहद लाभदायक हो सकती है।
परिवहन निगम ने दी सफाई
हरिद्वार परिवहन निगम के एआरएम विशाल चन्द्रा ने जानकारी देते हुए बताया कि दो राज्यों के बीच बस सेवा शुरू करने के लिए आपसी सहमति की लंबी और जटिल प्रक्रिया होती है। निगम के पास इस समय बसों की संख्या सीमित है, जिसके चलते नए रूटों पर संचालन संभव नहीं हो पा रहा है। उन्होंने कहा कि भविष्य में जब निगम के पास नई बसें आएंगी, तो लक्सर से अतिरिक्त रूटों पर संचालन के लिए प्रस्ताव मुख्यालय को भेजा जाएगा। चार साल पहले बना लक्सर बस अड्डा फिलहाल केवल एक ढांचा बनकर रह गया है। सुविधाओं और नए रूटों की प्रतीक्षा में यात्री आज भी पुराने हालातों से जूझ रहे हैं।
लेखक- शुभम तिवारी (HNN24X7)

