Banke Bihari Mandir: हर साल मथुरा-वृंदावन में होली का पर्व बेहद धूमधाम से मनाया जाता है। यदि आप भी इस वर्ष बृज की होली में शामिल होने के लिए वृंदावन जाने वाले हैं, तो जान लें कि इस साल 3 मार्च को चंद्र ग्रहण है, जिसके चलते मंदिरों के दर्शन समय में बदलाव किया गया है।
मंदिर प्रबंधन समिति के अनुसार, ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर सुबह 6:15 बजे खुलेगा और 8:30 बजे बंद होगा, जबकि शाम के दर्शन 8 बजे से 10 बजे तक होंगे।
चंद्र ग्रहण और सूतक काल
ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, 3 मार्च को चंद्र ग्रहण दोपहर 3:20 बजे से शाम 6:47 बजे तक रहेगा। ग्रहण से 9 घंटे पहले, यानी सुबह 6:20 बजे से ही सूतक काल शुरू हो जाएगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सूतक काल में मंदिरों के पट बंद रहते हैं और पूजा-सेवा वर्जित होती है।
होली और पूर्णिमा के दिन बदलाव
चंद्र ग्रहण के कारण होली के दिन 3 मार्च को ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर के पट सूतक काल में बंद रहेंगे। इस वजह से होली का उत्सव एक दिन पहले, यानी 2 मार्च की रात को मनाया जाएगा। वृंदावन के प्राचीन सप्त देवालयों में शामिल ठाकुर राधादामोदर मंदिर, ठाकुर राधारमण मंदिर और अन्य मंदिरों में सुबह से शाम 7 बजे तक पट बंद रहेंगे।
ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर के सेवायत प्रहलाद बल्लभ गोस्वामी के अनुसार, पूर्णिमा के दिन होली मनाई जाती है, लेकिन इस बार चंद्र ग्रहण के कारण होलिका दहन 2 मार्च की रात को होगा। मंदिर की सेवा, पूजा और आरती 3 मार्च को सुबह 9:05 बजे से पहले और शाम लगभग 7 बजे के बाद ही संपन्न होगी।
अन्य प्रमुख मंदिरों की व्यवस्था
- ठाकुर राधादामोदर मंदिर: सुबह 9 बजे से पहले मंगला आरती के बाद धूप और श्रृंगार आरती संपन्न होगी। ग्रहण के दौरान मंदिर के पट बंद रहेंगे।
- ठाकुर राधारमण मंदिर: सुबह की सेवा सुबह 6 बजे तक पूरी की जाएगी। इसके बाद मंदिर के पट सुबह 6 से शाम 7 बजे तक बंद रहेंगे। ग्रहण और सूतक काल के बाद मंदिर की शुद्धि और अभिषेक किया जाएगा।
इस बदलाव के मद्देनजर श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे दर्शन के समय की नई व्यवस्था का ध्यान रखते हुए मंदिर जाएँ, ताकि दर्शन में किसी प्रकार की असुविधा न हो।

