5 OTT Platforms Banned : आज की डिजिटल दुनिया में OTT प्लेटफॉर्म्स बहुत पॉपुलर हैं, लेकिन इनमें कुछ प्लेटफॉर्म्स ऐसा कांटेट दिखा रहे थे जो पूरी तरह गलत और आपत्तिजनक था। केंद्र सरकार ने अब इन पर कड़ा एक्शन लिया है। सूचना और प्रसारण मंत्रालय (Ministry of Information and Broadcasting) ने 5 OTT प्लेटफॉर्म्स को ब्लॉक कर दिया है। ये प्लेटफॉर्म्स MoodXVIP, Koyal Playpro, Digi Movieplex, Feel और Jugnu थे, जहां अश्लील और पोर्नोग्राफिक कंटेंट स्ट्रीम हो रहा था। ये फैसला 24 फरवरी 2026 को लिया गया और इंटरनेट सर्विस प्रोवाइडर्स को तुरंत इनकी पहुंच बंद करने के आदेश दिए गए हैं।
सरकार ने क्यों लिया ये सख्त फैसला?
सरकार का कहना है कि डिजिटल प्लेटफॉर्म्स को भी जिम्मेदारी निभानी होगी। ये प्लेटफॉर्म्स अश्लील सामग्री दिखाकर कानून का उल्लंघन कर रहे थे। ये काम आईटी एक्ट 2000 की धारा 69A और आईटी नियम 2021 के तहत किया गया है। धारा 69A सरकार को ऐसे कंटेंट को ब्लॉक करने का अधिकार देती है जो सार्वजनिक शालीनता, नैतिकता या राष्ट्रीय सुरक्षा के खिलाफ हो।
अधिकारियों ने जांच के बाद पाया कि इन ऐप्स पर कोई कहानी, संदेश या सामाजिक मूल्य नहीं था – सिर्फ explicit और vulgar कंटेंट था। ऐसे में सरकार ने जनता की शिकायतों और विशेषज्ञ रिपोर्ट्स के आधार पर ये कदम उठाया।
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कौन-कौन से प्लेटफॉर्म्स हुए ब्लॉक?
MoodXVIP – अश्लील वीडियो और कंटेंट के लिए जाना जाता था।
Koyal Playpro – इसी तरह vulgar सामग्री स्ट्रीम करता था।
Digi Movieplex – मूवीज के नाम पर आपत्तिजनक कंटेंट।
Feel – explicit वेब सीरीज और वीडियो।
Jugnu – पोर्नोग्राफिक सामग्री का बड़ा स्रोत।
ये ऐप्स प्ले स्टोर से भी हटाए जा चुके हैं या पहुंच सीमित हो गई है।
OTT पर अश्लील कंटेंट का बढ़ता खतरा
पिछले कुछ सालों में कई OTT प्लेटफॉर्म्स ने soft-porn या uncut कंटेंट दिखाकर विवाद खड़ा किया है। इससे पहले भी सरकार ने Ullu, ALTT, Big Shots जैसे 25 से ज्यादा ऐप्स को ब्लॉक किया था। अब ये पांच नए नाम जुड़ गए हैं।
सरकार का मकसद है कि बच्चों और परिवारों के सामने ऐसी सामग्री न आए। डिजिटल इंडिया में फ्रीडम है, लेकिन शालीनता और कानून का पालन जरूरी है।
आम लोगों पर क्या असर पड़ेगा?
इन प्लेटफॉर्म्स के यूजर्स अब एक्सेस नहीं कर पाएंगे।
अगर कोई VPN इस्तेमाल करता है तो भी कानूनी जोखिम रहेगा।
अच्छी बात ये है कि अब साफ-सुथरा कंटेंट ज्यादा बढ़ेगा।
सरकार ने चेतावनी दी है कि आगे भी ऐसे उल्लंघन पर सख्ती बरती जाएगी। OTT कंपनियों को ग्रिवांस ऑफिसर रखने और कंटेंट रेगुलेट करने के नियम फॉलो करने होंगे।
ये कार्रवाई डिजिटल कंटेंट को साफ रखने की दिशा में बड़ा कदम है। सरकार चाहती है कि OTT इंडस्ट्री जिम्मेदारी से काम करे। अगर कोई प्लेटफॉर्म नियम तोड़ता है तो ब्लॉक होना तय है।

