राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता निर्देशक विनोद कापड़ी की बहुचर्चित फिल्म ‘पायर’ (Pyre) का भावनात्मक ट्रेलर 12 अक्टूबर को रिलीज़ कर दिया गया है। उत्तराखंड के खूबसूरत लेकिन दुर्गम कुमाऊं इलाके की पृष्ठभूमि पर आधारित यह फिल्म एक बुजुर्ग दंपति के बुढ़ापे, अकेलेपन और पहाड़ों में लगातार बढ़ रहे पलायन के दर्द को दर्शाती है। यह बहुप्रतीक्षित फिल्म 30 अक्टूबर को हिंदी और मलयालम भाषाओं में देश भर के सिनेमाघरों में दस्तक देने जा रही है।
ट्रेलर में मज़ाक-मस्ती के पलों और बुढ़ापे, बीमारी और भविष्य की अनिश्चितता जैसी मुश्किल बातों के बीच का तालमेल दिखता है। उत्तराखंड के पहाड़ों की पृष्ठभूमि में, ‘पायर’ उन दो लोगों के बीच के रिश्ते को दिखाती है जिन्होंने अपनी ज़िंदगी का ज़्यादातर हिस्सा साथ बिताया है।
इस फ़िल्म में उत्तराखंड के रहने वाले 80 साल के पदम सिंह कापड़ी और 70 साल की हीरा देवी हैं, जो इस प्रोजेक्ट से पहले कभी कैमरे के सामने नहीं आए थे। सेना से रिटायर हो चुके कापड़ी ने एक ऐसे किरदार की भूमिका निभाई है जिसका नाम उन्हीं के नाम पर है, जबकि हीरा देवी ने तुलसी का किरदार निभाया है।
विनोद कापड़ी द्वारा लिखित और डायरेक्ट की गई ‘पायर’ कई इंटरनेशनल फ़िल्म फ़स्टिवल में दिखाई गई है और इसे 18 अवॉर्ड मिले हैं, जिनमें 15 ‘बेस्ट फ़िल्म’ के सम्मान शामिल हैं। इसे डायरेक्शन, म्यूज़िक, सिनेमैटोग्राफ़ी और साउंड के लिए भी पहचान मिली है।
फ़िल्म की भारत में होने वाली रिलीज़ के बारे में बात करते हुए, कापड़ी ने कहा कि वह दर्शकों द्वारा बड़े पर्दे पर इसकी कहानी और हिमालय के नज़ारों को देखने का बेसब्री से इंतज़ार कर रहे हैं।
मेकर्स ने 14 से 17 अक्टूबर तक बेरीनाग, बागेश्वर और श्रीनगर गढ़वाल में स्पेशल स्क्रीनिंग की भी योजना बनाई है। यह ‘पिक्चर टाइम’ के ज़रिए किया जा रहा है, जो एक मोबाइल थिएटर पहल है और उन इलाकों में सिनेमा पहुँचाती है जहाँ पक्के थिएटर की सुविधा कम है। भागीरथी फिल्म्स और मशकबीन स्टूडियोज़ के बैनर तले विनोद कापड़ी, सुरेश जोशी और अरिंद्र राय चौधरी द्वारा प्रोड्यूस की गई फिल्म ‘पायर’ 30 अक्टूबर को सिनेमाघरों में रिलीज़ होगी।

