उत्तराखंड विधानसभा में विपक्ष के हंगामे के बीच नौ विधेयक सदन में पारित
उत्तराखंड विधानसभा के मानसून सत्र का आज दूसरा दिन है, जहां विपक्ष के भारी हंगामे के बीच सरकार ने कई अहम निर्णय लिए। सत्र के पहले दिन सदन में 5315 करोड़ का अनुपूरक बजट पेश किया गया। इसके साथ ही धामी सरकार ने धर्मांतरण कानून को और अधिक सख्त बनाने के लिए उत्तराखंड धर्म स्वतंत्रता एवं विधि विरुद्ध धर्म परिवर्तन प्रतिषेध संशोधन विधेयक भराड़ीसैंण विधानसभा पटल पर पेश किया। उथल-पुथल और जोरदार विरोध के बीच सदन में सभी नौ विधेयक पारित किए गए, लेकिन विपक्ष के लगातार हंगामे के कारण विधानसभा की कार्यवाही अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दी गई। इस राजनीतिक हलचल ने सत्र को और भी गर्म बना दिया है।
सदन की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित
उत्तराखंड विधानसभा के मानसून सत्र के दूसरे दिन की कार्रवाई में विपक्ष के हंगामें के बीच कुल 9 विधेयकों मुहर लग चुकी है। परंतु विपक्ष के लगातार हंगामे के कारण विधानसभा की कार्यवाही अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दी गई। इस राजनीतिक हलचल ने सत्र को और भी गर्म बना दिया है। उत्तराखंड विधानसभा के मानसून सत्र के दूसरे दिन की कार्रवाई भी हंगामे के बीच शुरु हुई। वहीं विधानसभा सदन में हंगामे के बीच उत्तराखंड का 5315 करोड़ का अनुपूरक बजट सदन में पारित कर दिया गया है। विपक्ष के भारी हंगामे के बीच उत्तराखंड का 5315 करोड़ का अनुपूरक बजट सदन में पास हो गया। इसके अतिरिक्त सदन में संशोधित सख्त धर्मांतरण कानून पास हुआ। सरकार ने इस कानून को और सख्त बना दिया है, जिसके तहत जबरन धर्मांतरण पर उम्रकैद तक की सजा हो सकती है। जबकि वहीं समान नागरिक संहिता संशोधन विधेयक भी सदन में पारित किया गया है, इसके अंतर्गत अब गलत तरीके से लिव-इन-रिलेशनशिप में रहने वालों के लिए सजा बढ़ा दी गई है।
उत्तराखंड अल्पसंख्यक विधेयक भी हुआ पारित
उत्तराखंड विधानसभा के मानसून सत्र के दूसरे दिन की कार्रवाही में उत्तराखंड अल्पसंख्यक विधेयक भी सदन में पारित हो गया है, लिहाजा, अब सभी अल्पसंख्यक समुदायों के लिए एक प्राधिकरण गठित होगा, जिससे मदरसों को भी मान्यता मिलेगी।
लेखक- शुभम तिवारी (HNN24X7)

