हरक सिंह रावत ने भाजपा सरकार पर कसा तंज
पूर्व कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत, जिन्हें ईडी और सीबीआई से क्लीन चीट मिली है, प्रदेश के घोटालों को उजागर करने में जुट गए हैं और 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की सरकार बनाने के लिए संकल्पबद्ध हैं। कोटद्वार पहुंचकर उन्होंने भाजपा सरकार पर जमकर हमला बोला, कहा कि भाजपा की आठ वर्षों की सरकार में प्रदेश को कोई ठोस उपलब्धि नहीं मिली है। उन्होंने केन्द्रीय परिवहन मंत्री नितीन गडकरी पर कोटद्वार के विकास के वादों को पूरा न करने और जनता को छलने का आरोप भी लगाया, विशेषकर लालढांग चिलरखाल मोटर मार्ग, मेडिकल कॉलेज और सेंटर स्कूल के निर्माण के वायदों पर। हरक सिंह रावत ने भाजपा सरकार की नाकामी को उजागर करते हुए कांग्रेस की सरकार बनाने का भरोसा दिया है।
8 साल के कार्यकाल को बताया निराशाजनक
हरक सिंह रावत ने प्रदेश में भाजपा सरकार की 8 साल की कार्यप्रणाली को निराशाजनक करार देते हुए जमकर कोसा है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार में घमंड ऐसा है कि वोट धर्म के नाम पर लिए जा रहे हैं, जबकि प्रदेश में अंकिता हत्याकांड, नाबालिक के रेप और आत्महत्या जैसे गम्भीर मामले भाजपा से जुड़े लोगों द्वारा अंजाम दिए गए हैं। पेपर लीक मामले में भी भाजपा के हिंदु हाकम सिंह का नाम सामने आया है। हरक सिंह रावत ने स्पष्ट कहा कि अपराध का कोई धर्म नहीं होता, अपराधी तो अपराधी होता है। उन्होंने प्रदेश में बढ़ते भ्रष्टाचार पर चिंता जताते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के नाम पर विभागों से वसूली हो रही है और स्थानीय काम बाहर की कंपनियों को दिए जा रहे हैं, जिससे स्थानीय लोगों को भुगतान नहीं मिल रहा और वे आत्महत्या की स्थिति में पहुंच रहे हैं। उन्होंने प्रदेश में कांग्रेस की सरकार आवश्यक होने पर भी जोर दिया है।
पाखरो टाइगर सफारी विवाद में पर लगाए भ्रष्टाचार के आरोप
हरक सिंह रावत ने पाखरो टाइगर सफारी मामले में प्रदेश सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने सफारी के चालू कार्य को बंद नहीं करने का आदेश दिया है, फिर भी प्रदेश सरकार इसे रोकना चाहती है। उन्होंने बताया कि 200 करोड़ के घोटाले के दावे गलत हैं क्योंकि काम मात्र साढ़े चार करोड़ का हुआ है। हरक सिंह रावत ने यह भी कहा कि सफारी का निर्माण केवल कोटद्वार का नहीं बल्कि पूरे उत्तराखंड का विकास करेगा, इसलिए सरकार इसे रोक रही है। उन्होंने अपनी ओर से यह स्वीकार किया कि प्रदेश में भाजपा सरकार के 8 साल के कार्यकाल में 5 साल वह स्वयं वन और पर्यावरण मंत्री रहे, लेकिन अब कांग्रेस की सरकार बनाने के लिए पूरी मेहनत कर रहे हैं। हालांकि, कांग्रेस के अंदर विभिन्न धड़ों में विभाजन होने से प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनाना चुनौतीपूर्ण कार्य होगा, जिसे कांग्रेस के दिग्गजों को कड़ी मेहनत से पूरा करना होगा।
लेखक- शुभम तिवारी (HNN24X7)

