नमो घाट पर तीन दिवसीय आयोजन की शुरुआत, 100 विमान दिखाएंगे हवाई करतब; सुरक्षा के लिए जमीन से आसमान तक कड़े इंतजाम
100 विमान दिखाएंगे अपनी ताकत
एयर शो में कुल 100 विमानों की भागीदारी प्रस्तावित है। इनमें 52 लड़ाकू विमान, 15 परिवहन विमान, 32 हेलिकॉप्टर और एक विंटेज विमान शामिल हैं। राफेल, सुखोई-30 एमकेआई, मिराज-2000, तेजस, मिग-29 और जगुआर जैसे लड़ाकू विमान हवाई करतब दिखाएंगे। परिवहन विमानों में सी-17 ग्लोबमास्टर, सी-130, सी-295 और एएन-32 समेत अन्य विमान शामिल होंगे।
इस आयोजन में आईएल-78 विमान भी पहली बार एयर शो का हिस्सा बनेगा। भारतीय वायुसेना का गरुड़ विशेष बल भी प्रदर्शन में शामिल होगा। इसके अलावा सारंग हेलिकॉप्टर डिस्प्ले टीम अपने करतबों से दर्शकों को रोमांचित करेगी। भारतीय थल सेना और नौसेना के हेलिकॉप्टर तथा नौसेना का पी-8आई समुद्री निगरानी विमान भी संयुक्त सैन्य क्षमता और समन्वय का प्रदर्शन करेंगे।
काशी की पहचान से जुड़े होंगे फॉर्मेशन
एयर शो की खासियत इसके फॉर्मेशन होंगे, जिन्हें काशी, गंगा, वरुणा, केदार, हनुमान, ओंकार, रुद्र, भागीरथी, त्रिदेव, अलकनंदा, भैरव, कैलाश, त्रिलोचन, नटराज, महादेव, विश्वनाथ, पशुपति, नीलकंठ और प्रचंड जैसे नाम दिए गए हैं। इन नामों के जरिए काशी की धार्मिक, सांस्कृतिक और भौगोलिक पहचान को हवाई प्रदर्शन से जोड़ा गया है।
‘काशी’ फॉर्मेशन में तीन सूर्यकिरण विमान वी-आकार में उड़ान भरते हुए तिरंगे के रंगों से आसमान को सजाएंगे। ‘वरुणा’ फॉर्मेशन में भारतीय वायुसेना और थल सेना के एएलएच मार्क-थ्री हेलिकॉप्टर हिस्सा लेंगे। इस दौरान रस्सियों के सहारे जवानों को नीचे उतारने की प्रक्रिया का प्रदर्शन भी किया जाएगा।
‘केदार’ फॉर्मेशन में राफेल और ‘हनुमान’ में सुखोई-30 एमकेआई विमान हवाई करतब दिखाएगा। ‘ओंकार’ फॉर्मेशन में एमआई-17 वी5 हेलिकॉप्टर राष्ट्रीय ध्वज और वायुसेना का ध्वज लेकर उड़ान भरेंगे, जबकि ‘गंगा’ फॉर्मेशन में चेतक हेलिकॉप्टरों से पुष्पवर्षा की जाएगी।
‘भागीरथी’ फॉर्मेशन में हल्के लड़ाकू हेलिकॉप्टर और अपाचे अटैक हेलिकॉप्टर डायमंड आकार में उड़ान भरेंगे। वहीं, ‘महादेव’ फॉर्मेशन में हवा में ईंधन भरने में सक्षम आईएल-78 विमान मिराज-2000 लड़ाकू विमानों के साथ नजर आएगा। ‘नीलकंठ’ में राफेल विमान और ‘प्रचंड’ फॉर्मेशन में विभिन्न लड़ाकू विमान अपनी हवाई क्षमता का प्रदर्शन करेंगे।
सी-17 के साथ उड़ेंगे सूर्यकिरण के नौ विमान
एयर शो का एक प्रमुख आकर्षण सी-17 ग्लोबमास्टर और सूर्यकिरण एयरोबेटिक टीम का संयुक्त फ्लाईपास्ट होगा। सी-17 के साथ सूर्यकिरण टीम के नौ हॉक विमान फॉर्मेशन में उड़ान भरेंगे। इसके बाद सूर्यकिरण टीम आसमान में अपने विशेष हवाई करतब प्रस्तुत करेगी। स्वदेशी हल्के लड़ाकू विमान तेजस का प्रदर्शन भी कार्यक्रम का अहम हिस्सा रहेगा।
प्रधानमंत्री के आगमन को लेकर विशेष व्यवस्था
पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दोपहर 12:45 बजे पुलिस लाइन पहुंचने और वहां से नमो घाट पर एयर शो में शामिल होने का कार्यक्रम है। उनके आगमन को देखते हुए संबंधित मार्गों पर विशेष यातायात व्यवस्था लागू की जाएगी। प्रशासन ने आयोजन स्थल और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा के अतिरिक्त इंतजाम किए हैं।
तीन दिन भारी वाहनों और नावों पर प्रतिबंध
एयर शो के दौरान 22, 24 और 25 अक्टूबर को शहर में भारी वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध रहेगा। मालवाहक वाहनों के साथ रोडवेज और निजी बसों को शहर के भीतर संचालित नहीं किया जाएगा। इन वाहनों को रिंग रोड से गुजारा जाएगा। पड़ाव से नमो घाट के बीच राजघाट पुल पर पैदल आवाजाही भी प्रतिबंधित रहेगी।
निर्धारित तीनों दिनों में सुबह आठ बजे से रात आठ बजे तक गंगा में नावों का संचालन बंद रहेगा। आपात स्थिति के लिए 12 नावों को बोट एंबुलेंस के रूप में इस्तेमाल करने की व्यवस्था की गई है। कुछ नावों का उपयोग अतिथियों को गंगा के रास्ते नमो घाट तक पहुंचाने के लिए किया जाएगा।
युवाओं को वायुसेना की ताकत से परिचित कराने का अवसर
एयर शो का उद्देश्य आधुनिक वायु शक्ति और सैन्य तकनीक से लोगों को परिचित कराना तथा युवाओं को वायुसेना में करियर बनाने के लिए प्रेरित करना भी है। काशी की सांस्कृतिक विरासत और भारतीय वायुसेना की आधुनिक क्षमताओं का यह संगम आयोजन को विशेष पहचान देगा।

