Chhath Puja Kharna Prasad : महापर्व छठ की शुरुआत कल यानी 25 अक्टूबर 2025 से हो गई है। चार दिनों तक चलने वाला यह पर्व 29 अक्टूबर को समाप्त होगा, जब व्रती उगते सूर्य देव को अर्घ्य देंगे। छठ का आज दूसरा दिन है यानी 26 अक्टूबर को खरना या लोहंडा मनाया जाता है। यह दिन व्रतियों के लिए विशेष महत्व रखता है। छठ पर्व में केवल सूर्य देवता की पूजा ही नहीं होती, बल्कि छठी मैया की भी आराधना की जाती है। मुख्य रूप से बिहार, झारखंड, उत्तर प्रदेश और नेपाल में लोग इस पर्व को बड़े श्रद्धा भाव से मनाते हैं।
खरना पर प्रसाद और उसकी तैयारी
खरना पर विशेष प्रकार का प्रसाद तैयार किया जाता है। इसमें मुख्य रूप से गुड़ वाली खीर और रोटी बनाई जाती है। यह खीर मिट्टी या पीतल के बर्तन में पके हुए दूध और चावल से तैयार होती है। इसे बनाने के लिए नए मिट्टी के चूल्हे का इस्तेमाल किया जाता है, और लकड़ी के रूप में आम की लकड़ी ही प्रयोग की जाती है। ऐसा माना जाता है कि आम की लकड़ी शुद्ध और सात्विक होती है। आम की लकड़ी पर पके भोजन में सकारात्मक ऊर्जा प्रवाहित होती है और इसका धुआं वातावरण को शुद्ध करता है।
खरना का धार्मिक और सामाजिक महत्व
खरना के दिन व्रती पूरे दिन उपवास रखते हैं। शाम के समय जब मिट्टी का चूल्हा तैयार किया जाता है, तब गुड़ की खीर और रोटी बनाई जाती है। यह प्रसाद सूर्य देव को अर्घ्य देने के बाद ग्रहण किया जाता है। इसके सेवन से छठी मैया का आशीर्वाद मिलता है। धार्मिक मान्यता है कि खरना प्रसाद खाने से स्वास्थ्य, सुख-समृद्धि और संतान सुख की प्राप्ति होती है। इसके साथ ही यह 36 घंटे के निर्जला व्रत की शुरुआत का संकेत भी होता है। 27 अक्टूबर को संध्या अर्घ्य और 28 अक्टूबर को उगते सूर्य को अर्घ्य देकर व्रत पूर्ण किया जाता है।
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खरना प्रसाद बनाने की विधि
गुड़ की खीर बनाने के लिए दूध को मिट्टी या पीतल के बर्तन में उबालें। इसके बाद चावल को अच्छी तरह धोकर दूध में डालें। चावल पक जाने पर इसमें गुड़ मिलाकर मध्यम आंच पर पकाएं। इसमें थोड़ी मात्रा में शुद्ध घी और पसंदीदा ड्राई फ्रूट्स, साथ ही इलायची पाउडर भी मिलाया जा सकता है। तैयार प्रसाद को व्रती सूर्य देव को अर्घ्य देने के बाद ग्रहण करते हैं।
पीएम मोदी ने दी खरना की शुभकामनाएं
इस खास मौके पर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों को खरना पूजा की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक नोट साझा किया और साथ ही दिनेश लाल यादव के छठ गीत ‘सुख लेके उगिह दुख लेके डुबिह’ को भी पोस्ट किया।
नोट में पीएम मोदी ने लिखा, ‘आप सभी को महापर्व छठ खरना पूजा की असीम शुभकामनाएं। सभी व्रतियों को सादर नमन! श्रद्धा और संयम के प्रतीक इस पावन अवसर पर गुड़ से बनी खीर और सात्विक प्रसाद ग्रहण करने की परंपरा रही है। मेरी कामना है कि इस अनुष्ठान पर छठी मैया हर किसी को अपना आशीर्वाद दें।
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