Lucknow News: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चाइनीज मांझे से हो रही लगातार दुर्घटनाओं का संज्ञान लिया है और इस पर सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा है कि अब चाइनीज मांझे से होने वाली मौतों को हादसा नहीं, बल्कि हत्या माना जाएगा। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को आदेश दिए हैं कि प्रदेश में प्रतिबंधित चाइनीज मांझे की बिक्री और स्टॉक पर पूरी तरह रोक लगाई जाए और इसके खिलाफ छापेमारी की जाए।
लखनऊ में हाल ही में हुई एक घटना में 33 वर्षीय मोहम्मद शोएब की चाइनीज मांझे से गर्दन कटने के कारण मौत हो गई थी। मुख्यमंत्री ने इस घटना का संज्ञान लेते हुए पुलिस को कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा, ‘चाइनीज मांझा कैसे बाजारों में उपलब्ध हो रहा है, इस पर पूरी जांच की जाए।’
इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने पुलिस प्रमुखों को पूरे राज्य में छापेमारी अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि चाइनीज मांझे के खिलाफ कार्रवाई की समीक्षा उच्च स्तर पर की जाएगी। मुख्यमंत्री की सख्ती का असर राज्यभर में देखने को मिल सकता है।
चाइनीज मांझा एक खतरनाक प्लास्टिक या सिंथेटिक मांझा होता है, जो पारंपरिक सूती मांझे से काफी अलग और तेज़ होता है। इसमें नायलॉन, पॉलिएस्टर और अन्य सिंथेटिक धागे के साथ कांच और धातु के बारीक कण मिलाए जाते हैं, जो इसे और भी खतरनाक बनाते हैं। इस कारण यह मांझा आमतौर पर हादसों का कारण बनता है।
शोएब के परिवार में इस हादसे के बाद शोक की लहर है। वह अपने परिवार का इकलौता बेटा था और मेहनत-मजदूरी कर घर का खर्च चलाता था। शोएब की मौत के बाद स्थानीय लोगों ने इस खतरनाक मांझे की बिक्री पर सख्ती से रोक लगाने की मांग की है।
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