बरेली में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत संचालित विद्युत सखी योजना के माध्यम से ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में बरेली में बड़ा कदम उठाया गया। जिलाधिकारी अविनाश सिंह की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में नवचयनित 50 विद्युत सखियों को थर्मल प्रिंटर वितरित किए गए, जिससे वे गांव स्तर पर बिजली बिल संग्रहण का कार्य और अधिक सुगमता से कर सकें।
जिले में वर्तमान समय में 312 विद्युत सखियां बिजली बिल संग्रहण का कार्य कर रही हैं। इनमें से नए पोर्टल पर सक्रिय 161 विद्युत सखियों को चरणबद्ध तरीके से थर्मल प्रिंटर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। योजना के तहत विद्युत सखी स्वयं सहायता समूह की सदस्य होती हैं और एंड्रॉयड फोन के माध्यम से उपभोक्ताओं के बिजली बिल जमा कराती हैं। उन्हें दो हजार रुपये तक के बिल पर 20 रुपये तथा दो हजार रुपये से अधिक के बिल पर एक प्रतिशत कमीशन दिया जाता है।
कार्यक्रम के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाली रेनू देवी, सीमा, पिंकी यादव, संजू साहू और सुमन को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। सभी सम्मानित विद्युत सखियों ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि इस योजना से उनकी आय बढ़ी है और ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनने का अवसर मिला है। जिलाधिकारी अविनाश सिंह ने सभी विद्युत सखियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि वे अधिक से अधिक बिजली बिल संग्रह कर बेहतर कमीशन अर्जित करें और ‘लखपति दीदी’ बनने का लक्ष्य हासिल करें।
योजना की प्रमुख जानकारी एक नजर में
बरेली में इस योजना के विस्तार के साथ डिजिटल संसाधनों का उपयोग भी बढ़ाया जा रहा है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में सेवाएं और अधिक प्रभावी बनने की उम्मीद है।
| विषय | विवरण |
|---|---|
| योजना | विद्युत सखी योजना |
| जिला | बरेली |
| कुल विद्युत सखियां | 312 |
| नए पोर्टल पर सक्रिय | 161 |
| वितरित थर्मल प्रिंटर | 50 |
| लाभ | कमीशन आधारित आय एवं डिजिटल सुविधा |
UP News: योगी सरकार ने संपत्ति ब्योरा न देने पर कर्मचारियों का रोका वेतन
UP News Hindi: बिसौली कोतवाली में नाबालिग छात्रा के साथ किया दुष्कर्म
UP News: बकाया बिजली बिल को भूल जाएं, यूपी में शुरू हो रही बिजली बिल राहत योजना
FAQs
Q1. विद्युत सखी योजना क्या है?
यह उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत संचालित योजना है, जिसमें स्वयं सहायता समूह की महिलाएं बिजली बिल संग्रह करती हैं।
Q2. बरेली में कितनी विद्युत सखियां कार्यरत हैं?
वर्तमान में जिले में 312 विद्युत सखियां कार्य कर रही हैं।
Q3. थर्मल प्रिंटर देने का उद्देश्य क्या है?
बिल जमा करने के तुरंत बाद उपभोक्ताओं को रसीद उपलब्ध कराना और कार्य को अधिक पारदर्शी बनाना।
Q4. विद्युत सखियों को कितना कमीशन मिलता है?
₹2,000 तक के बिल पर ₹20 और ₹2,000 से अधिक के बिल पर 1% कमीशन दिया जाता है।
Q5. ‘लखपति दीदी’ अभियान का उद्देश्य क्या है?
ग्रामीण महिलाओं को नियमित आय और स्वरोजगार के माध्यम से आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना।

