The Saturn Decagon: शनि के दक्षिणी ध्रुव पर दिखा 10-भुजाओं वाला रहस्यमयी तूफान, Hubble ने खोला नया राज

The Saturn Decagon: शनि के दक्षिणी ध्रुव पर दिखा 10-भुजाओं वाला रहस्यमयी तूफान, Hubble ने खोला नया राज

The Saturn Decagon इस समय अंतरिक्ष विज्ञान की दुनिया में चर्चा का विषय बना हुआ है। NASA/ESA के Hubble Space Telescope से मिले नए अवलोकनों ने शनि के दक्षिणी ध्रुव के चारों ओर एक विशाल, विकसित होता हुआ 10-भुजाओं वाला वायुमंडलीय पैटर्न दिखाया है। वैज्ञानिकों के मुताबिक यह संरचना शनि के उत्तरी ध्रुव पर मौजूद प्रसिद्ध छह-भुजाओं वाले Saturn Hexagon से मिलती-जुलती है, लेकिन इसकी प्रकृति और विकास अलग दिखाई दे रहे हैं। 

The Saturn Decagon क्या है?

सैटर्न डेकागन न तो एक ठोस न ही एक निश्चित गठन है जो किसी ग्रह की सतह पर होता है बल्कि यह सैटर्न के जेट स्ट्रीम्स के अंदर बनी एक विशाल वायुमंडलीय तरंग है।इस तरंग के चारों ओर बादलों और हवाओं का एक दूसरे से बातचीत करके ऐसा ज्यामितीय पैटर्न बनता है जो ऊपर से देखने पर दस किनारों वाली आकृति की तरह दिखता है।

यह ध्यान रखना चाहिए कि वैज्ञानिक मानते हैं कि यह गठन सैटर्न के कई वायुमंडलीय परतों में फैला हुआ है।इस संरचना का स्थान हबल द्वारा प्राप्त छवियों में बदलता रहता है क्योंकि प्रत्येक तरंग दैर्ध्य हमें अलग-अलग वायुमंडलीय स्तरों को देखने की अनुमति देता है।

Hubble ने कैसे की खोज?

इस खोज की खास बात यह है कि The Saturn Decagon अचानक एक ही तस्वीर में सामने नहीं आया। वैज्ञानिकों ने कई वर्षों के Hubble अवलोकनों को जोड़कर इस संरचना के विकास को समझा है।

Hubble के डेटा में इस संरचना के शुरुआती संकेत 2023 तक दिखाई देते हैं। इसके बाद 2024 में University of the Basque Country की Planetary Virtual Observatory Laboratory के लिए प्राप्त ground-based images में वैज्ञानिक Agustín Sánchez-Lavega और amateur astronomers Trevor Barry तथा Jean-Paul Oger ने शनि के दक्षिणी ध्रुव के पास एक हल्की, लहरदार पट्टी देखी। 2025 की अतिरिक्त observations में यह पैटर्न और स्पष्ट हुआ। 

इसके बाद Hubble की observations ने पुष्टि करने में मदद की कि यह कोई सामान्य बादल या अस्थायी तूफान नहीं, बल्कि एक बड़े पैमाने की atmospheric structure है।

शनि के उत्तरी ध्रुव से क्यों हो रही तुलना?

शनि ग्रह को अपने रहस्यमयी छःभुजा के लिए जाना जाता है जो कई सालों से इसके उत्तरी ध्रुव पर मौजूद है। कई सालों से इस ग्रह पर एक बड़ी छःभुजा वाली हवा का धारा चल रहा है जिसे १९८० के दशक में वॉयेजर मिशन ने स्पष्ट रूप से पकड़ा था और फिर बाद में NASA के कैसिनी ने भी पकड़ा था।

लेकिन एक सवाल जो पूरे इस समय से वैज्ञानिकों को परेशान कर रहा था वह था कि क्या शनि के दक्षिणी ध्रुव पर भी ऐसा ही कोई बहुभुजार्धीय गठन हो सकता है। २००४ से २०१७ तक के कैसिनी के अवलोकनों से पता नहीं चला कि शनि पर ऐसी कोई लंबे समय तक मौजूद संरचना है जो शनि डेकागन के समान हो।

अब नए अवलोकनों ने वैज्ञानिकों को इस सवाल का एक बहुत ही दिलचस्प जवाब दिया है।

दक्षिणी ध्रुव पर यह आकृति कब बनी?

सत्र्न डेकागन के निर्माण का सही समय अभी बताया नहीं जा सकता है।यह 2017-2023 के बीच बना है जब सत्र्न का दक्षिणी ध्रुव ऐसी स्थिति में था जिससे पृथ्वी से उसका सीधा अवलोकन करना संभव नहीं था।2023 के बाद हब्बल द्वारा ली गई तस्वीरों ने शोधकर्ताओं को इस निर्माण का अवलोकन करने का अवसर दिया है।यह वैज्ञानिकों के लिए बहुत दिलचस्प है क्योंकि वे एक ग्रहात्मक वायुमंडलीय पैटर्न के विकास का अवलोकन कर सकते हैं।

एक भुजा 10,000 मील से भी बड़ी

इस खोज का महत्व भी बेहद आश्चर्यजनक है।रिपोर्टों के अनुसार शनि द्वारा बनाया गया यह देशमंडल 10,000 मील (16,700 किलोमीटर)लंबे पक्षों के साथ है।इसे समझने के लिए अगर हम इसे धरती के व्यास से तुलना करें तो यह वास्तव में धरती से भी बड़ा है।

इस संरचना का आकार यह साबित करता है कि वायुमंडल में कितने बड़े आकार के पदार्थ बन सकते हैं।गैस दिग्गज शनि के वायुमंडल में प्रक्रियाएं धरती की तुलना में बड़े पैमाने पर होती हैं।

वैज्ञानिकों के लिए क्यों महत्वपूर्ण है The Saturn Decagon?

वैज्ञानिकों के लिए The Saturn Decagon सिर्फ एक खूबसूरत अंतरिक्ष तस्वीर नहीं है। यह शनि के वायुमंडल में jet streams, हवाओं और polar dynamics को समझने का एक महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करता है।

Science Advances में प्रकाशित अध्ययन के अनुसार, यह decagon वैज्ञानिकों को यह समझने में मदद कर सकता है कि गैस दानव ग्रहों में स्थिर polygonal flows कैसे बनते हैं और समय के साथ कैसे बदलते हैं।

University of California, Berkeley के वैज्ञानिकों ने भी इस खोज को बाहरी ग्रहों के बदलते स्वभाव का उदाहरण बताया है। उनके अनुसार, कुछ साल पहले यह feature दिखाई नहीं दे रहा था, जिससे नियमित planetary observations की अहमियत सामने आती है।

क्या The Saturn Decagon हमेशा रहेगा?

फिलहाल इसका जवाब स्पष्ट नहीं है। उत्तरी ध्रुव का hexagon कई दशकों से मौजूद है, जबकि The Saturn Decagon अपेक्षाकृत नया और विकसित होता हुआ feature नजर आ रहा है। वैज्ञानिकों के अनुसार यह अभी मजबूत हो रहा है, इसलिए आने वाले वर्षों में इसकी आकृति, आकार और स्थिरता में बदलाव देखे जा सकते हैं। 

आगे Hubble और संभवतः James Webb Space Telescope से मिलने वाले observations वैज्ञानिकों को यह समझने में मदद कर सकते हैं कि यह structure कितने समय तक टिकेगा और इसके निर्माण के पीछे कौन-सी atmospheric processes काम कर रही हैं। 

निष्कर्ष

The Saturn Decagon ने एक बार फिर साबित किया है कि हमारे Solar System के सबसे बड़े ग्रहों में से एक Saturn अभी भी कई रहस्यों को अपने भीतर समेटे हुए है। दक्षिणी ध्रुव के ऊपर बना यह विशाल 10-भुजाओं वाला atmospheric pattern न केवल देखने में असाधारण है, बल्कि planetary science के लिए भी बेहद महत्वपूर्ण है।

जहां Saturn का उत्तरी hexagon दशकों से वैज्ञानिकों को आकर्षित करता आया है, वहीं The Saturn Decagon वैज्ञानिकों को एक बिल्कुल अलग मौका दे रहा है—एक विशाल atmospheric structure को उसके विकसित होने के दौरान देखने और समझने का। आने वाले Hubble और अन्य telescope observations यह तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे कि यह रहस्यमयी decagon कितने समय तक कायम रहता है और आखिर शनि के वायुमंडल ने इतनी असामान्य ज्यामितीय आकृति बनाई कैसे। 

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